Madhu Bhardwaj

51.9K posts

Madhu Bhardwaj banner
Madhu Bhardwaj

Madhu Bhardwaj

@madconnection

Reader, traveller, wannabe writer, observer, ignorer; internet researcher (stalker?); living either in the past or future; wandering soul. Dunno.

India Beigetreten Nisan 2009
962 Folgt534 Follower
Madhu Bhardwaj retweetet
Bharat Jodo
Bharat Jodo@bharatjodo·
One by one, the truth is coming out. Rahul Gandhi is exposing it all. 🔥
Bharat Jodo tweet media
English
10
319
882
4.3K
Madhu Bhardwaj retweetet
Vijay
Vijay@ActForVijay·
कोई प्रेस कॉन्फ्रेंस नहीं, कोई विदाई समारोह नहीं, और न ही कोई मीडिया कवरेज। विश्वगुरु ने चुपचाप अपना सामान बांधा और एक रात खामोशी से लौट आया। महामानव जो अपनी हर छोटी उपलब्धि पर ढोल पीटते हैं, अपनी दो दशकों की मेहनत और कूटनीतिक पूंजी को बिना एक शब्द कहे दफन कर दिया। ●● साल 2002। ताजिकिस्तान की ज़मीन और भारत का एक रणनीतिक सपना। दुशांबे के ठीक पश्चिम में हमने अपना विदेशी सैन्य बेस Ayani Air Base बनाना शुरू किया। 20 साल का समय और लगभग 80 से 100 मिलियन डॉलर का भारी निवेश। भारत का पहला और एकमात्र विदेशी सैन्य ठिकाना। यह 3,200 मीटर लंबी एक ऐसी हवाई पट्टी है, जहाँ से हमारे C-17 ग्लोबमास्टर और सुखोई Su-30 लड़ाकू विमान आसमान नाप सकते थे। इसकी भौगोलिक अहमियत को समझिए, यह अफगानिस्तान के वाखान कॉरिडोर से महज़ 20 किलोमीटर दूर था। वही संकरी पट्टी जो एक साथ पाकिस्तान के कब्ज़े वाले कश्मीर (PoK) और चीन के शिनजियांग को छूती है। वहाँ बैठकर हम एक ही नज़र में पाकिस्तान और चीन दोनों की चालों को भांप सकते थे। बिना पाकिस्तान की ज़मीन छुए या किसी के आगे हाथ फैलाए, हम मध्य एशिया और अफगानिस्तान में अपनी उपस्थिति दर्ज़ करा सकते थे। यह एक स्वतंत्र और संप्रभु राष्ट्र की दूरदृष्टि थी। ●● लेकिन फिर 2022 आया। हमने बिना किसी को बताए चुपचाप वह बेस खाली कर दिया और चाबियाँ ताजिकिस्तान को सौंप दीं। तीन साल तक इस सच को राष्ट्र से छिपाए रखा गया, जब तक कि 2025 के अंत में दबी ज़ुबान में इसे स्वीकार नहीं किया गया। क्यों? क्या हमने कोई गलती की थी? नहीं। बस रूस और चीन ने दुशांबे पर दबाव डाला। रूस इस इलाके को अपना आंगन मानता है और चीन वहाँ अफगान सीमा के पास अपनी सुरक्षा चौकियाँ बना रहा है। दोनों में से कोई नहीं चाहता था कि कोई बाहरी ताक़त उनके प्रभाव क्षेत्र में बैठे। रूस हमारा रणनीतिक साझेदार है, और चीन वह प्रतिद्वंद्वी जिसे हम सीधे तौर पर नाराज़ करने का ज़ोखिम नहीं उठाना चाहते। हमारे पास इस दबाव का सामना करने के लिए कोई ताकत नहीं थी। तो हमने क्या किया? हमने चुपचाप अपना बोरिया-बिस्तर बांधा और घर आ गए। 2023 की शुरुआत तक उसी ऐनी बेस पर रूसी सेना ने कब्ज़ा जमा लिया। जिसे हमने अपने पसीने और पैसे से बनाया, उसे रूस ने बिना एक गोली चलाए विरासत में पा लिया। ●● ज़रा रुकिए, कहानी की त्रासदी यहाँ खत्म नहीं होती। 26 अप्रैल को चाबहार बंदरगाह का आत्मसमर्पण भी तो हुआ है। 23 सालों तक जिस चाबहार को हमने ईरान, अफगानिस्तान और मध्य एशिया के प्रवेश द्वार के रूप में सींचा, उसे अमेरिकी प्रतिबंधों के दबाव में एक ईरानी संस्था को सौंप दिया गया। सोचिए... ऐनी बेस 2022 में गया और चाबहार 2026 में। मध्य एशिया में हमारे दो सबसे बड़े रणनीतिक लंगर। एक को रूसी और चीनी दबाव ने उखाड़ फेंका, दूसरे को अमेरिकी प्रतिबंधों ने निगल लिया। महज़ चार साल के भीतर हमारी दशकों की तपस्या शून्य हो गई। एक और एयरबेस है, ताजिकिस्तान में फरखोर। लगभग 2008 में फरखोर बेस को बंद करने के बाद , भारत ने आयनी एयरबेस विकसित किया, जो उसका दूसरा विदेशी सैन्य अड्डा बन गया । लेकिन आयनी के बाद कोई एयरबेस नहीं है भारत के पास विदेश में। फरखोर पर अब पाकिस्तान की नज़र है। जल्दी ही वहां से भी कोई न्यूज आएगी। ●● हम एक ही झटके में मध्य एशिया नहीं हार रहे हैं। हम इसे किश्तों में, बहुत खामोशी से हार रहे हैं। एक-एक सैन्य बेस, एक-एक बंदरगाह करके। जब नीतियाँ केवल नारों में सिमट जाती हैं, तो ज़मीन पर यथार्थ अपना क्रूर रंग दिखाता है। एक राष्ट्र की असली ताकत उसके घरेलू शोर में नहीं, बल्कि दुनिया की आँखों में आँखें डालकर अपनी जगह बनाए रखने के मौन साहस में होती है। अफ़सोस, जब हम अपने घर के आंगनों में विश्वगुरु होने का जश्न मना रहे थे, तब दुनिया के नक़्शे से हमारी सबसे कीमती रणनीतिक ज़मीनें चुपचाप खिसक रही थीं। और सबसे दुखद और डरावनी बात यह है कि राष्ट्र की इस मूक पराजय पर, कोई एक शब्द भी नहीं बोल रहा है। 4 मई को मीडिया का जश्न देखिएगा,जब सभी गुलाम संवैधानिक संस्थाओं पर चढ़कर ज़िले इलाही हाथ हिलाते हुए बंगाल विजय यात्रा निकालेंगे। कोई सवाल आयनी और चाबहार पर नहीं पूछे गए न पूछे जायेंगे। #VijayShukla
Vijay tweet media
हिन्दी
9
140
254
7.4K
Madhu Bhardwaj retweetet
𐌁𐌉Ᏽ 𐌕𐌉𐌌𐌉
I don’t want a city on Mars. I don’t want AI in every app. I don’t want data centres in space. I don’t want humanoids or flying cars. I want clean water. I want a stable climate. I want bees to survive. And a habitable planet.
English
170
6.4K
25.4K
186.1K
Madhu Bhardwaj retweetet
Srinivas BV
Srinivas BV@srinivasiyc·
ये बीजेपी के राष्ट्रीय प्रवक्ता @JaiveerShergill हैं। इनकी सरकार है, विदेश मंत्री हैं। ये ईरान में फँस भारतीयों को सुरक्षित निकालने के लिए मदद की माँग सार्वजनिक तौर पर X हैंडल के ज़रिए कर रहे हैं। इसमें ग़लत कुछ भी नहीं है। बहुत अच्छी बात है। पर कुछ सवाल हैं क्या इन्होंने विदेश मंत्री @DrSJaishankar के कार्यालय को औपचारिक रिक्वेस्ट भेजा है? अगर नहीं तो क्यों नहीं और अगर हाँ तो क्या मंत्रालय ने संज्ञान लेकर वस्तुस्थिति बतायी है? अगर हाँ तो फिर इन्होंने सोशल मीडिया का रास्ता क्यों चुना? क्या मोदी सरकार ने मदद से हाथ खड़े कर दिए? या फिर किया मोदी सरकार ने ही इनको निर्देश दिया है कि जाओ X पर लिखो ताकि मदद मिले न मिले तुम वाहवाही तो लूटो? प्रधानमंत्री @narendramodi के साथ साथ BJP अध्यक्ष @NitinNabin को भी इस पर संज्ञान लेने की ज़रूरत है। वरना इससे यह संदेश जाएगा कि अपने ही राष्ट्रीय प्रवक्ता के अनुरोध पर सरकार ध्यान नहीं दे रही। @MEAIndia की छवि देश दुनिया में बिगड़ेगी सो अलग।
Jaiveer Shergill@JaiveerShergill

Request @MEAIndia to assist Few elderly Iranian Sikh couples who are stranded in Gurudwara Saab, Tehran, Iran. An aircraft operated by Mahaan Airways is scheduled to operate from Tehran to India on 5th May but the Airline is refusing to take them onboard without the permission of GOI. Requesting Sh @DrSJaishankar ji to kindly intervene and assist the Sikh Families🙏

हिन्दी
5
123
451
14.1K
Madhu Bhardwaj retweetet
Congress
Congress@INCIndia·
ग्रेट निकोबार में- ⦿ 1 करोड़ पेड़ काटे जाएंगे ⦿ आदिवासियों का घर छीना जाएगा ⦿ हजारों एकड़ जंगल बर्बाद किए जाएंगे कारण जान लीजिए 👇
हिन्दी
255
1.4K
4K
36.9K
Madhu Bhardwaj retweetet
Sandeep Manudhane
Sandeep Manudhane@sandeep_PT·
The dark fantasies of RSS, articulated by an unhinged and supremacist columnist of Swarajya.
Sandeep Manudhane tweet media
English
68
441
1.4K
28K
Ajit Anjum
Ajit Anjum@ajitanjum·
कल हमारी सोसाइटी के सिक्योरिटी इंचार्ज आलोक ने कुछ लोगों के साथ मिलकर चार लोगों की ऐसे जान बचाई. नौवें माले के जिस फ्लैट में आग लगी , उसके सामने के फ्लैट के दरवाजों को तुरंत आग ने अपनी चपेट में ले लिया . चार लोग भीतर फंस गए . आग उनके दरवाजों के बाद उनके ड्राइंग रूम तक पहुंची . वो लोग बालकनी में फंसे थे . सोसाइटी का फायर फाइटिंग सिस्टम काम आया . पानी की बौछार से आग पर किसी तरह काबू पाकर उन चारों को निकाला गया . अगर इन सबने अपनी जान पर खेलकर इतनी फुर्ती नहीं दिखाई होती तो पता नहीं क्या होता . इनमें सबसे आगे जो मुंह ढकने की कोशिश कर रहा है ,वही आलोक है .
हिन्दी
32
261
1.1K
37.1K
Madhu Bhardwaj retweetet
ηᎥ†Ꭵղ
ηᎥ†Ꭵղ@nkk_123·
This is what BJP has done to Patparganj in East Delhi. MCD parks are being used as gaushalas. Where will kids play?
English
31
706
1.5K
19.9K
Madhu Bhardwaj retweetet
Pradeep Sangwan
Pradeep Sangwan@iPradeepSangwan·
Just in 7 days - collected 2.5 tons & compressed 1 tones of PET bottles 2-3 degrees of temperature at Kedarnath raining & increasing numbers of yatri’s everyday Work continues but simply carry your bottle to reduce burden जय श्री केदार धाम
Pradeep Sangwan tweet mediaPradeep Sangwan tweet media
English
42
461
2K
33.5K
Gurpreet Garry Walia
Gurpreet Garry Walia@garrywalia_·
इस तस्वीर को ध्यान से देख लो ज़ूम करके हर कोने से कोई भी कोना छोड़ना मत .देख लिया अच्छे से सबने क्या मित्रो ? पानी , छोटी छोटी किश्ती के इलावा आपको कहीं पब्लिक दिखी खैर अब बताओ मोदी जी ये bye वाला इशारा किन को कर रहे है ? प्लीज़ मदद करना यार सच में जानना है किसको bye कर रहे है अपने मोदी जी .
Gurpreet Garry Walia tweet media
हिन्दी
77
98
341
8K
Madhu Bhardwaj retweetet
Rajdeep Sardesai
Rajdeep Sardesai@sardesairajdeep·
IMPORTANT: have said this before but worth reiterating: EXIT polls must EXIT unless they give sample size, raw data breakdown, complete methodology. And yes, disclose if they are also polling for a political party. A SERIOUS polling exercise which can be useful to understand voter behaviour mustn’t be reduced to a prime time LOTTERY with ZERO accountability. 🙏
English
466
298
1.9K
172.6K
Madhu Bhardwaj retweetet
Saurabh Bharadwaj
Saurabh Bharadwaj@Saurabh_MLAgk·
Breaking iPAC founder & director gets bail in PMLA matter today , just a day after West Bengal Elections. ED did not oppose the bail for obvious reasons else bail from a lower court is unthinkable in 15 days. My request to BJP/RSS supporters to introspect , because those enjoying the fruits of power will not.
English
135
1.2K
3.2K
86.7K
Rahul Saini
Rahul Saini@JtrahulSaini·
"डिप्टी सीएम आएं पीएम आएं लेकिन रास्ता क्यों बंद हैं..मंदिर में किसी का कब्जा है क्या.."हम इंसान नहीं है"...? VIP कल्चर ने इस देश का बेड़ा गर्क करा रखा है..मंदिर जैसे पवित्र स्थानों को भी इन खादी धारियों ने नहीं छोड़ा...! वैसे इन सब में ड्यूटी पर तैनात पुलिसकर्मियों का कोई दोष नहीं हैं..उन्हें सिर्फ जैसे निर्देश है वही करेंगे..! लेकिन कानून जानने वाले जब अन्याय के खिलाफ खड़ा होता है तो वो समाज की आवाज बनता है...! आप सभी इस VIP कल्चर के बारे में क्या सोच रखते है प्रतिक्रिया जरूर दें..?
हिन्दी
145
1.6K
3.1K
52.6K
Madhu Bhardwaj retweetet
Sniper
Sniper@avarakai·
Only central government agency that has not supported ECI in this Bengal election is Archaeological Survey of India. Such was the rot!
English
33
498
3.8K
78.4K
ravish kumar
ravish kumar@ravish_journo·
ये सवाल हर चैनल को पूछना चाहिए लेकिन सब एग्जिट पोल के नाम पर सेफोलॉजी का डांस कर रहे हैं।
Anjali Bhardwaj@AnjaliB_

The ECI must IMMEDIATELY upload Form 17C (the only statutory proof of voter turnout) for each polling booth where elections took place in West Bengal today. Commission must declare how many tokens were distributed at 6pm for voters standing in queue at each booth. That’s the minimum level of transparency expected in such a fraught election.

हिन्दी
90
953
3.4K
86.3K
Madhu Bhardwaj retweetet
Ajit Anjum
Ajit Anjum@ajitanjum·
मेरे ठीक सामने की तस्वीर है . आठ फ्लैट जलकर खाक हो गए. जिनके घर राख हुए, उनको मनःस्थिति की कल्पना की जा सकती है . उन सबकी जिंदगी भर की पूंजी अब राख के ढेर में तब्दील हो चुकी है . उनके पास पहनने के लिए कपड़े तक नहीं हैं . खाली हाथ भागे थे सब . नए सिरे से सब खुद को पटरी पर लाने की जद्दोजहद करेंगे . महीनों लगेंगे. मेरा घर आग की चपेट में आते - आते बचा. हम लोग हिम्मत करके डटे रहे . ऊपर से पानी मारकर ठीक अपने नीचे वाले फ्लैट की बालकनी तक पहुंच चुकी आग को बुझाया. सोसाइटी के लोग अलग - अलग फ्लोर से पानी मारते रहे. एक घंटे तक जिस मेंटल ट्रॉमा से मैं गुजरा हूं , वो मैं जानता हूं . लगा कि अब मेरा भी सब खत्म होने वाला है तो आखिरी कोशिश कर लूं . किसी तरह से अपना घर बचा लूं . मेरे सामने वाली टॉवर की नौवीं मंजिल पर जब आग लगी तो एक वीडियो बनाकर कुछ लोगों को टैग किया ताकि फायर ब्रिगेड की गाड़ियां पहुंचे. फिर लगा कि भयंकर आग की लपटें मेरे घर तक भी पहुंच सकती है , तब हम सब भागकर नीचे गए . कुछ मिनटों में आग की लपटें मेरे टॉवर तक पहुंच गई. मेरे फ्लैट के नीचे के तीन फ्लोर की बालकनी जलने लगी . तब मुझे लगा कि एक बार ऊपर जाकर पानी डालने की कोशिश करते हैं . हम पांच लोग भागकर तेरहवें माले तक आए . कुछ देर की कोशिशों के बाद मेरे नीचे की बालकनी की आग बुझी . नीचे के फ्लैट से भी पानी मारा जाने लगा . हमारा घर और हमारे टॉवर के घर तो बच गए . सामने वालों के घर राख हो गए . फायर ब्रिगेड ने भी मोर्चा संभाला लेकिन तब तक सब कुछ स्वाहा हो गया . शुरू में फायर ब्रिगेड की जो गाड़ियां आई वो हेल्पलेस थीं क्योंकि उनके पास हाइड्रोलिक सीढ़ी नहीं थी . वो लोग कुछ कर ही नहीं सकते थे . दो फ्लैट में चार लोग भीतर फंसे रहे क्योंकि उनके दरवाजों में आग लग गई थी . वो लोग बालकनी में जाकर आग और धुएं से बचने की कोशिशें करते रहे . बहुत मशक्कत करके पानी की बौछार से उनके दरवाजों और उनके घरों की आग बुझाकर उन्हें निकाला गया . ऊपर वाले की मेहरबानी से सबकी जान बच गई. कल पैनिक में मैंने अपने कुछ पत्रकार मित्रों को वीडियो भेजा था ताकि मदद पहुंचे . सीढ़ी वाली गाड़ियां पहुंचे लेकिन शाम को देखा कुछ लोग मुझे गालियां दे रहे हैं . उन तमाम लोगों को भगवान ये दिन न दिखाए , यही दुआ करता हूं. जिन मित्रों ने चिंता की , उन सबको शुक्रिया गाजियाबाद के DM, SSP, ADM समेत उन तमाम अधिकारियों का भी शुक्रिया, जो मौके पर पहुंचे
Ajit Anjum tweet mediaAjit Anjum tweet media
हिन्दी
193
695
3K
102.2K
Madhu Bhardwaj
Madhu Bhardwaj@madconnection·
@SanjayAzadSln Sb kuchh managed hai aur dikhta hai sab ko par unko koyee faraq nahi parhta.
हिन्दी
0
0
3
123
Sanjay Singh AAP
Sanjay Singh AAP@SanjayAzadSln·
मोदी-शाह की कितनी बेहतरीन तानाशाही है।चुनाव के पहले IPAC के लोगों को गिरफ्तार करो, TMC के चुनाव को बर्बाद करो। चुनाव के बाद ED का कमजोर विरोध कराकर अदालत से जमानत करा दो। वाह भाई ज्ञानेश कुमार मान गए गुरु गजब चुनाव कराया है।
Sanjay Singh AAP tweet media
हिन्दी
56
929
2.1K
20.6K
Madhu Bhardwaj retweetet
Mahua Moitra
Mahua Moitra@MahuaMoitra·
@ravish_journo Don’t worry sir we have worked all night and collected all our forms and digitised them already and entered into excel sheets for 11 am scrutiny! @AnjaliB_
Mahua Moitra tweet mediaMahua Moitra tweet mediaMahua Moitra tweet media
English
104
834
3.1K
68.6K