@AarTee33@triptii01 बच्चों के लिए जीतेन्द्र व जया भादुड़ी पर फ़िल्माया श्रेष्ठ गीत...
यह फ़िल्म मूलतः राज कुमार मैत्रा के बंगाली उपन्यास 'रंगीन उत्तरायण' पर आधारित है। एक भावपूर्ण पारिवारिक सुन्दर फ़िल्म...!
सारे के सारे गा मा को लेकर गाते चले
पापा नहीं है धानी सी दीदी,
दीदी के साथ हैं सारे..!!🎶
#जया_भादुड़ी (अभिनेत्री)
#जन्मदिन 💐 #लेखनी ✍️
🎬 परिचय (1972)
🖋️ गुलज़ार 🎵 राहुलदेव बर्मन
🎤 किशोर कुमार । आशा भोसले
🎞️ जीतेन्द्र । जया भादुड़ी
@triptii01
मेरे महबूब तुझे मेरी मुहब्बत की क़सम,
फिर मुझे नरगिसी आँखों का सहारा दे दे
मेरा खोया हुआ रंगीन नज़ारा दे दे..!!🎶
#मोहम्मद_रफ़ी (पार्श्वगायक)
#जन्मजयंती 💐 #लेखनी ✍️
🎬 मेरे महबूब (1963)
🖋️ शकील बदायूंनी 🎵 नौशाद अली
🎞️ राजेंद्र कुमार । साधना शिवदासानी
हाय रे वो दिन क्यों ना आये
जा जा के ऋतु लौट आये
हाय रे वो दिन क्यों ना आये..!!🎶
#पं_रविशंकर (संगीतकार: 1920-2012)
#जन्मजयंती 💐 #लेखनी ✍️
भारत रत्न, पद्मविभूषण, पद्मभूषण और संगीत नाटक अकादमी जैसे प्रतिष्ठित पुरस्कारों से सम्मानित।
🎬 अनुराधा (1960)। 🖋️ शैलेंद्र
🎤 लता मंगेशकर 🎞️ लीला नायडू
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@Lekhni_@AarTee33@pareeknc7 कभी ख़ुद पे कभी हालात पे रोना आया
बात निकली तो हर इक बात पे रोना आया
हम तो समझे थे कि हम भूल गए हैं उन को
क्या हुआ आज ये किस बात पे रोना आया
साहिर लुधियानवी
#स्वयं #लेखनी✍️
#आंधी 1975
#गुलज़ार_साहब
तेरे बिना ज़िंदगी से कोई, शिकवा, तो नहीं,
शिकवा नहीं
शिकवा नहीं, शिकवा नहीं
तेरे बिना ज़िंदगी भी लेकिन, ज़िंदगी, तो नहीं,
ज़िंदगी नहीं
ज़िंदगी नहीं, ज़िंदगी नहीं...
जी में आता है
तेरे दामन में सर छुपा के हम
रोते रहें, रोते रहें 🎶🎶🦋
@Lekhni_@AarTee33@pareeknc7 दिल तड़प तड़प के कह रहा है आ भी जा
तू हमसे आँख ना चुरा, तुझे कसम है आ भी जा
दिल धड़क धड़क के दे रहा है ये सदा
तुम्हारी हो चुकी हूँ मैं, तुम्हारे पास हूँ सदा
फ़िल्म : मधुमती ( 1958 )
लता व मुकेश
#धड़कन #लेखनी ✍️