आपने वो महिला IPS को धमकाने वाला वीडियो देखा होगा। अजित पवार फिल्मी गुंडे की तरह बात कर रहे थे। दरअसल उन्हें ये ताकत PM मोदी से मिली हुई है।
PM उन पर 70 हजार करोड़ के घोटाले का आरोप लगाकर बहुत शर्मिंदा हैं, उन्होंने पश्चाताप करने के लिए अजित दादा को खुली छूट दे रखी है।
في ذكرى مولد سيدنا محمد صلى الله عليه وسلم، نبي الإنسانية والمحبة والأخلاق الكريمة، ندعو الله تعالى أن يعم السلام والاستقرار المنطقة والعالم أجمع، وتنعم البشرية بالأمن والوفاق.
#Assalamualaikum
समस्या से बचना नहीं
समस्या का समाधान करना सीखो.
क्योंकि कोई भी समस्या
बचने से नहीं टलती, बल्कि
उसका समाधान करने से टलती है..!!
#GoodMorningEveryone 🌞
यह तस्वीर हमें यह सोचने पर मजबूर करती है कि चुनौतियों का सामना करने के बावजूद आशा और मानवीय संबंध कितने महत्वपूर्ण हैं। क्या आपने कभी किसी ऐसी तस्वीर को देखा है जिसने आपको इतना सोचने पर मजबूर किया हो? अपने विचार साझा करें! #Hope#Resilience#HumanSpirit#Palestine#ChildrenOfHope
#Assalamualaikum
छोटे-छोटे हाथों में एक-दूसरे का सहारा, फटे कपड़े, नंगे पाँव, मगर हिम्मत ज़िंदा है। ये तस्वीर सिर्फ़ देखने के लिए नहीं, समझने और कुछ करने के लिए है।
#GoodMorningTwitterWorld 🌄
#बचपन #गरीबी #इंसानियत
जमीयत उलमा-ए-हिंद द्वारा फ़िल्म 'उदयपुर फाइल्स' के ख़िलाफ़ दायर याचिका की सुनवाई के दौरान दिल्ली हाई कोर्ट की दो-न्यायाधीशों की पीठ, जिसमें मुख्य न्यायाधीश देवेंद्र कुमार उपाध्याय और न्यायमूर्ति अनीश दयाल शामिल थे, को फ़िल्म के निर्माता द्वारा सूचित किया गया कि फ़िल्म और उसके ट्रेलर से विवादास्पद दृश्यों को हटा दिया गया है। इसके बाद, कोर्ट ने फ़िल्म निर्माता को निर्देश दिया कि वह याचिकाकर्ता (मौलाना अरशद मदनी) के वकील कपिल सिब्बल और अन्य कानूनी प्रतिनिधियों के लिए फ़िल्म की विशेष स्क्रीनिंग की व्यवस्था करें।
फ़िल्म निर्माता के वकील चेतन शर्मा ने कोर्ट से अनुरोध किया कि स्क्रीनिंग एक निष्पक्ष व्यक्ति की उपस्थिति में की जाए। इस पर मुख्य न्यायाधीश ने कड़ी आपत्ति जताते हुए कहा कि याचिकाकर्ताओं ने फ़िल्म को चुनौती दी है, जो उनका संवैधानिक अधिकार है। अतः याचिकाकर्ताओं के वकीलों की उपस्थिति में की गई फ़िल्म की विशेष स्क्रीनिंग की रिपोर्ट कल कोर्ट में प्रस्तुत की जानी चाहिए और सुनवाई कल होगी।
हमारे कोर्ट जाने के बाद फिल्म निर्माता और सेंसर बोर्ड के वकीलों ने अपनी गलती स्वीकार की और कहा कि ट्रेलर से विवास्पद दृश्य हटा दिए गए हैं। हमें उम्मीद है कि अदालत फिल्म की स्क्रीनिंग के बाद इसके रिलीज़ के संबंध में मुसलमानों की धार्मिक भावनाओं का ख्याल रखते हुए, संविधान की रोशनी में ऐसा फैसला देगी जिससे संविधान की सर्वोच्चता स्थापित रहेगी।
#UdaipurFiles
"ना कोई बड़ा होता है, ना छोटा – जहाँ प्यार होता है वहाँ रिश्ता सबसे ऊँचा होता है।
ये तस्वीर गरीबी में छिपी अमीरी की है – जहाँ एक भाई माँ बनकर अपने छोटे भाई को प्यार से खाना खिला रहा है।
खामोश त्याग, अनमोल भावनाएँ।
#प्यार #मानवता #भाईचारा"