विद्या जीवन की ऐसी पूंजी है, जिससे बड़े से बड़े लक्ष्य को हासिल किया जा सकता है। विद्या हमें अज्ञानता के अंधकार से निकालकर सफलता और आत्मविश्वास की ओर ले जाती है।
विद्वान् प्रशस्यते लोके
विद्वान् सर्वत्र गौरवम्।
विद्यया लभते सर्वं
विद्या सर्वत्र पूज्यते॥