D.N.Ram retweetledi

भारत का संविधान बनाने में संविधान सभा में २३ सदस्य ऐसे थे जो 1946 में पाकिस्तान बनाने के लिए मुस्लिम लीग के टिकट पर जीते थे
लेकिन,
जब इन्होंने पाकिस्तान बना लिया तो उसके बाद यह बड़ी होशियारी से पाकिस्तान नहीं गए और फिर नेहरू - गांधी ने इनको भारत के संविधान बनाने का ही जिम्मा दे दिया,
इन लोगों ने पाकिस्तान के नाम पर पंजाब के टुकड़े कर दिए और जहां पंजाब के हिंदू सिख बहुतायत में थे वहां पाकिस्तान बनने के बाद लाखों हिंदू सिखों को मु'स्लिम बनाया गया।हिंदुओं की हालत वहां सिखों से थोड़ी अच्छी है क्योंकि सिखों के साथ ऐसा व्यवहार करने का एक बहुत बड़ा कारण था जिसकी सजा आज भी सिखों को मिल रही है। कांग्रेस और इसके पाकिस्तानी साथियों ने सिखों का ही ज्यादा नरसंहार किया था पार्टीशन के वक्त।
अम्बेडकर जी ऐसे ही इन लोगों का विरोध नहीं करते थे और इसी विरोध के कारण कांग्रेस ने उनको अपने रास्ते से हटा दिया और इस वर्ग के तुष्टिकरण में जुट गई।कांगड़ी का वोट बैंक एकजुट माइनॉरिटी और बिखरा हुआ हिंदू रहा है जिसके लिए सेकुलर शब्द बनाया गया जो न हिंदू था और न मु'स्लिम।जो इनके बीच का था वह सेकुलर था l
यह सिर्फ भारत में नेहरू और गांधी ही कर सकते थे कि जिनको गद्दारी का चार्ज लगाकर जेल में डालना था उनको सीधे संविधान बनाने की जिम्मेदारी दे दी इनमें से कुछ नाम है
यह सब बाद में बहुत सारे लोग केंद्र और राज्यो में मंत्री अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी के चांसलर तक बने
from Madras
१ Mohamed Ismail Sahib
२ K.T.M. Ahmed Ibrahim·
३ Mahboob Ali Baig Sahib Bahadur·
४ B Pocker Sahib Bahadur
From Mumbai
५ Abdul Kadar Mohammad Shaikh
६ Abdul Kadir Abdul Aziz Khan from Asam
७ Muhammad Saadulla,
८ Abdur Rouf from Up
९ Begum Qudsia Aijaz Rasul nbab of hardoi
१० Syed Fazl-ul-Hasan harshat mohani of AMU
११ Nabab ismail khan of meerut who
became chancellor of AMU
१२ ZH LARI from Bihar
१३ Husaain imam from gaya
१४ Saiyid Jafar Imam·
१५ Latifur Rahman·
१६ Mohammad Tahir·
आज इनके वंशज बड़े-बड़े नेता बनकर बोल रहे हैं कि हमारा भी खून शामिल है इस देश में
सबसे बड़ा आश्चर्य तो मुझे तब हुआ जब,i पूरा खोजा कि इनका नाम मिल जाए !

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