संसद में इस समय नारीशक्ति वंदन अधिनियम में संशोधन पर चर्चा चल रही है। कल रात भी एक बजे तक चर्चा चली है।
जो भ्रम फैलाए गए, उनको दूर करने के लिए तर्कबद्ध जवाब दिया गया है। हर आशंका का समाधान किया गया है। जिन जानकारियों का अभाव था, वो जानकारियां भी हर सदस्य को दी गई हैं। किसी के मन में विरोध का जो कोई भी विषय था, उसका भी समाधान हुआ है।
महिला आरक्षण के इस विषय पर देश में चार दशक तक बहुत राजनीति कर ली गई है। अब समय है कि देश की आधी आबादी को उसके अधिकार अवश्य मिलें।
आजादी के इतने दशकों बाद भी भारत की महिलाओं का निर्णय प्रक्रिया में इतना कम प्रतिनिधित्व रहे, ये ठीक नहीं।
अब कुछ ही देर लोकसभा में मतदान होने वाला है। मैं सभी राजनीतिक दलों से आग्रह करता हूं… अपील करता हूं...
कृपया करके सोच-विचार करके पूरी संवेदनशीलता से निर्णय लें, महिला आरक्षण के पक्ष में मतदान करें।
मैं देश की नारी शक्ति की तरफ से भी सभी सदस्यों से प्रार्थना करूंगा… कुछ भी ऐसा ना करें, जिनसे नारीशक्ति की भावनाएं आहत हों।
देश की करोड़ों महिलाओं की दृष्टि हम सभी पर है, हमारी नीयत पर है, हमारे निर्णय पर है। कृपया करके नारीशक्ति वंदन अधिनियम में संशोधन का साथ दें।
‼️URGENT APPEAL TO ALL GC ACTIVIST ‼️
इस महत्वपूर्ण मुद्दे को उठाना है
लोकसभा में सरकार सीटों की संख्या 850 करने जा रही है।
लेकिन “जितनी आबादी, उतना हक” के अनुसार: उत्तर प्रदेश की आबादी देश की 16.5 प्रतिशत है इसलिए 140 सीटें होनी चाहिए, जबकि 125 ही दी जा रही हैं।
आबादी के अनुसार तमिलनाडु में 51 सीटें होनी चाहिए, लेकिन 61 सीटें दी जा रही हैं।
इस तरह से मोदी और
@RahulGandhi
दोनों मिलकर उत्तर प्रदेश का हक खाकर तमिलनाडु को दे रहे है
@Flavourist_@Aryanking003@neetusi86329772 Nope, phle brahman ban jao tum bhi pujari ban sakte ho, lekin tum chahte ho ki din bhar daru piye aur tumhe sab log pujari bana de...sanskrit seekho, ved mantra seekho, bano pujari, no one wants to be a pujari
@Flavourist_@neetusi86329772 Areyy haan tumhara baap toh bhaduwa hai na teri maa ka madarchod...
Aise gaand marunga na madarchod teri agli saat peedhiyan bhi bina pani piye jiyengi.
@Flavourist_@neetusi86329772 fir ham do hamare ek ko General caste wale follow karke apna population kam kiye, to unko kya fayda hua? Ulta ab new slogan hai ki "Jiski jitni abadi, uski utni bhagidari!" Reservation badhta ja rha hai
@aditya_kc0@Shubhamshuklamp डोनेशन देकर मेडिकल एवं इंजीनियरिंग कालेज में भर्ती पाने वाले और घूस देकर अपने रिश्तेदारों के दम पर भर्ती पाने वाले व्यक्ति ने किया होगा 😁🥸
@Flavourist_@Shubhamshuklamp हम्म…. वो अध्ययन जिसमे ये पाया गया की सिर्फ़ सवर्ण हैं और उसमे भी ९०% ब्राह्मण वो अध्ययन किसी विद्वान ( सिर्फ़ डिग्री से नहीं बल्कि उच्च अंकों से भी ) ने किया या नेगेटिव मार्क पे भी पास होने वाले व्यक्ति ने किया?
मंडल कमीशन का वो कड़वा सच जो जानते सभी पत्रकार हैं, लेकिन बोलने में डरते हैं! लिखने में उनके हाथ काँपते हैं! लेकिन मेरा तो जन्म ही हुआ है ये सब सच्चाई बताने के लिए तो पढ़िए:-
बिंदेश्वरी यादव उर्फ BP मंडल एक जमींदार बड़े घराने से ताल्लुकात रखते थे. इनके पिता बड़े जमींदारों में और काफी अमीर लोगों में गिने जाते थे. जब मंडल कमीशन लागू किया गया तो इन पर ये आरोप भी लगे कि उसमें कुछ ऐसी जातियों को शामिल किया गया है जो सामाजिक-आर्थिक रूप से संपन्न हैं.
लोगों को शक हुआ कि OBC आरक्षण का लाभ इन्हीं कुछ लोगों तक सीमित रह जाएगा और उसे इसका लाभ नहीं मिल पाएगा जो वास्तव में हकदार हैं. 30 साल से अधिक लागू इस आरक्षण के आंकड़े भी कुछ ऐसे ही बयां कर रहे हैं.
OBC आरक्षण की समीक्षा के लिए गठित रोहिणी आयोग के अनुसार 2018 में पिछले 5 साल में ओबीसी कोटा के तहत केंद्र सरकार द्वारा दी गई नौकरी और पिछले तीन साल में केंद्र सरकार के संस्थानों जैसे IIT, IIM आदि में एडमिशन के आंकड़ों का अध्ययन किया गया.
जिसमें पाया गया कि आज भी 983 ओबीसी समुदायों का नौकरियों और एडमिशन में प्रतिनिधित्व शून्य है. वहीं विभिन्न भर्तियों और एडमिशन में 994 ओबीसी उपजातियों का कुल प्रतिनिधित्व केवल 2.68 प्रतिशत ही है.
अमेरिका का सबसे खतरनाक हथियार - उसका परमाणु जखीरा।
रूस का सबसे खतरनाक हथियार - Avangard जैसे hypersonic परमाणु सिस्टम।
चीन का सबसे खतरनाक हथियार - DF-41 जैसे परमाणु मिसाइल सिस्टम।
भारत का सबसे खतरनाक हथियार - ST/SC एक्ट और आरक्षण।
भारतीय कप्तान सूर्य कुमार यादव लगातार खराब फॉर्म से जूझ रहे हैं जो सभी के लिए चिंता का विषय है।
आज Punjab Kings के खिलाफ Arshdeep Singh की गेंद पर गोल्डन डक हो गए।
IPL के बाद भारतीय टीम आयरलैंड और इंग्लैंड का दौरा करने वाली है जिसमें कप्तान Surya Kumar Yadav होंगे लेकिन
इसके आगे क्या?
अगर सूर्य कुमार यादव को आगे 2028 तक कप्तानी करनी है, तो फॉर्म में वापस आना होगा वरना रजत पाटीदार और श्रेयस अय्यर तैयार बैठे हैं।
सूर्या भाऊ लंबी रेस का घोड़ा है, और पूरी उम्मीद है कि वो बहुत जल्द ही अपने पुराने फॉर्म में नजर आयेंगे।