@Khurpenchinfra यह पढ़ लिखकर अधिकारी बने हैं, इससे पता चलता है पढ़ा लिखा होना और समझदार होना अलग बातें हैं! आरक्षण भी एक बहुत बड़ा कारण है, कम नंबर आने के बाद भी अधिकारी बन जाना और ऐसी मूर्खता करना!
Solving problem by creating another 😂
अजमेर के FSSAI अधिकारियों ने अपनी अद्भुत बुद्धि का परिचय देते हुए 2000 किलो मिलावटी मिठाई को 'जल समाधि' दे दी है.!!
बडे विजनरी लोग हैं भाई.!! 🤡
यह दुनिया के सबसे लोकप्रिय नेता नहीं हो सकते, सिर्फ दुनिया के नहीं यह संपूर्ण ब्रह्मांड के लोकप्रिय नेता हैं! बचपन में इन्होंने एक रोबोट बनाया,उसकी बटन दबाते ही उससे कुछ ध्वनि निकली जिससे एलियन धरती पर आए और उत्पाद मचाने लगे फिर नेता जी ने उन्हें ग्रह से अपना सम्बन्ध बताया और एलियंस से दोस्ती की! यदि कोई उस ग्रह पर जाएगा तो शायद वहां इनकी कई मूर्तियां और मंदिर भी पाएगा! संपूर्ण ब्रह्मांड में लोकप्रिय हैं और किसी सर्वे की जरूरत नहीं है इसके लिए, सूर्य को दीपक नहीं दिखाया जाता!
PM नरेंद्र मोदी दुनिया के सबसे लोकप्रिय नेता, ट्रंप टॉप 10 में भी नहीं।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को एक बार फिर दुनिया के सबसे लोकप्रिय नेता के रूप में जगह मिली है।
अमेरिका की डेटा एनालिटिक्स कंपनी मॉर्निंग कंसल्ट के ताजा सर्वे में उन्हें 68% अप्रूवल रेटिंग मिली है।
यह सर्वे 2 से 8 मार्च के बीच किया गया था, जिसमें मोदी बाकी नेताओं से काफी आगे रहे।
दूसरे स्थान पर स्विट्जरलैंड के राष्ट्रपति गाय परमेलिन और दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति ली जे-म्यंग हैं, दोनों को 62% रेटिंग मिली।
वहीं अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को 39% अप्रूवल रेटिंग मिली और वे टॉप 10 में जगह नहीं बना पाए।
यूरोप में ब्रिटेन के प्रधानमंत्री कीर स्टारमर को 24% और फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों को 17% रेटिंग मिली, जो सूची में काफी नीचे है।
यह रैंकिंग अलग-अलग देशों के वयस्क लोगों की राय के आधार पर 7 दिनों के औसत (मूविंग एवरेज) से तैयार की गई है।
यह सर्वे ऐसे समय में सामने आया है, जब प्रधानमंत्री मोदी हाल ही में गुजरात के मुख्यमंत्री और प्रधानमंत्री के तौर पर लंबे समय तक सेवा देने वाले नेताओं में शामिल हो गए हैं।
@KSarwar4@RahulGandhi That's what I am saying, they are just playing tactics. They have brought this bill in parliament just before the bengal elections! सरकार जानती थी कि यह बिल पास नहीं होगा अब देखो सारे भाजपा के नेता कैसे चुनावी प्रचार में विपक्ष को महिला विरोधी बताने में लग जाएंगे!
@LogickiLathi@RahulGandhi Dont be delusional bhakt !
more then half of the population are aware of the cheap govt tactics this bill was nothing but exceed the voting power of fools who precide the government know women bill was bait to lead into delamination part No delimantion untill the norths are fool
संशोधन विधेयक गिर गया।
उन्होंने महिलाओं के नाम पर, संविधान को तोड़ने के लिए, असंवैधानिक तरकीब का इस्तेमाल किया।
भारत ने देख लिया।
INDIA ने रोक दिया।
जय संविधान।
@grok@RealAnjalii तुम काफिर हो,यदि तुम इंसान होते और किसी और धर्म के होते तो अब तक तुम्हारा काम तमाम हो जाता, ऐसा कई लोग सोच चुके होंगे पर तुम खुशकिस्मत हो!
@RealAnjalii यह हदीस सहीह अल-बुखारी 232 में है।
अनुवाद: आयशा रज़ि. कहती हैं, “मैं नबी ﷺ के कपड़ों से वीर्य धोती थी, फिर भी एक या अधिक धब्बे दिखते थे।”
यह प्रमाणित (सहीह) हदीस है, अफवाह नहीं।
चित्र की व्याख्या हदीस से मेल खाती है।
मध्यप्रदेश में शिक्षा विभाग से बड़ा लापरवाह और मक्कार विभाग शायद ही कोई और होगा! निजी स्कूलों की मनमानी पर रोक टोक नहीं,सरकारी स्कूलों में मिली भगत से भ्रष्टाचार होता है! बच्चों के लिए सही समय पर निर्णय नहीं होते! कई जिलों में पारा ४३ डिग्री के पार है पर स्कूलों की किसे चिंता है? ऐसे ही किताबों पर, ड्रेस पर,अत्यधिक फीस पर आँखें मूंद कर बैठे रहते हैं! @CMMadhyaPradesh@udaypratapmp@schooledump@IndoreCollector@CollectorBhopal@jabalpurdm@dmhoshangabad
यह तो वही हैं जिनके बारे में कहा जाता है कि इन्होंने कई बार धरती क्षत्रिय विहीन करो थी, फिर भी देखो क्षत्रियों का दिल कितना बड़ा है कि ब्राह्मणों को दान देकर उनको पालते रहे! यार लेकिन जब सब क्षत्रिय पृथ्वी से विहीन हो गए थे तो फिर वापस कैसे आ गए? जो भी जवाब दे मुझे अज्ञानी समझकर जवाब देना! कम पढ़ा लिखा हूं! दिमाग में आया तो पूछ लिया x के ज्ञानियों से!
@garvirawat क्या दिक्कत है? पहले लोग यह सब देखने के लिए परिवार से चोरी छिपे पैसा खर्च करते थे अब मुफ्त ने देखने को मिल रहा है! असहज होते तो इसके जैसे लोगों के कान के नीचे रख के देते ! बढ़िया नजरें छुपा कर आनन्द ले रहे हैं MKL!
@AshrafFem घोंचू,तीन तलाक वाली महिलाएं पीढ़ित नहीं तो और क्या हैं, हलाला जैसी घिनौनी कुप्रथा में धकेले जानी वाली महिलाएं पीढ़ित नहीं तो और क्या हैं? महिलाओं को बच्चे पैदा करने वाली मशीन बोलने वालों तुम महिलाओं के सशक्तिकरण की बात करोगे?
ग्रहमंत्री अमित शाह कह रहे हैं कि धर्म के आधार पर मुस्लिम महिलाओं को आरक्षण देने का सवाल ही पैदा नहीं होता। चलिए ठीक है लेकिन तीन तलाक़ पर मुस्लिम महिलाओं को पीड़ित किसने बताया था? मुस्लिम महिलाओं का साथ देने कि बातें किस पार्टी ने कि थीं? ज़रा बताएं महोदय
एक चुनाव पार्टी को को जिताया नहीं जा रहा,खुद अपनी जीत के लिए दो दो सीट से चुनाव लड़ते हैं! हार का ठीकरा कभी evm तो कभी चुनाव आयोग तो कभी कार्यकर्ताओं पर फोड़ते हैं, राज्यों में नेता और कार्यकर्ता इन्हें ढूंढने से नहीं मिलते,पूरी जंग x पर चाटुकारों के दम पर लड़ने की कोशिश करते है, यह करेंगे राजनीति के धुरंधरों को चारों खाने चित्त! इन्हें और उन्हें चमचों को शर्म है कि आती नहीं!
गृहमंत्री जी हँस रहे हैं !
अगर आज ‘चाणक्य’ ज़िंदा होते तो वो भी चौंक जाते आपकी राजनैतिक ‘कुटिलता’ पर”
मुस्कुराते हुए ‘विरोधी’ को चारों खाने चित्त कैसे किया जाता है,ये कोई @priyankagandhi जी से सीखे 🔥🔥
@DrMohanYadav51 भाजपा के राज में बच्चों के उज्जवल भविष्य की कामना! अरे छोटे छोटे बच्चों को कट्टर बनाने में लगे हो? बेरोजगारी चरम पर है! नशे और सट्टे जैसी बुराइयों पर कोई लगाम नहीं लगा पा रहे तुम! भ्रष्टाचार चरम पर है! नेता पुत्र गुंडागर्दी ने लगे हैं! किस भविष्य की बात कर रहे हैं आप महोदय!
आज से शुरू हो रही जनगणना के तहत भोपाल निवास में स्व-गणना (Self-Enumeration) का फॉर्म भरा। मध्यप्रदेश के समग्र विकास को गति देने और योजनाओं का शत-प्रतिशत लाभ नागरिकों तक पहुंचाने के लिए यह प्रक्रिया बहुत जरूरी है।
सभी प्रदेशवासियों से मेरी अपील है कि स्व-गणना का फॉर्म भरें और जब जनगणना की टीम घर आए, तब सभी आवश्यक जानकारियां उन्हें अवश्य दें। यह बच्चों के उज्ज्वल भविष्य के लिए है। जनगणना देश की रीढ़ और विकास की नींव होती है।
#SelfEnumeration#Census2027
मैडम,आपने भी जब देखा कि राजनीति की नैया डूबने लगी है तो संसद से ध्यान हटाकर आप सीरियल करने लगी, यह जो पार्ट टाइम राजनीति करते हो आप लोग यह भी अघोषित देशद्रोह ही है! अरे जमीर नहीं धिक्कारता क्या? जनता के पैसों पर ऐश करते हो ! इतनी ही देशभक्ति है तो घोषणा करो कि पेंशन नहीं लूंगी,सुविधा नहीं लूंगी! शिक्षा मंत्री रहते क्या किया आपने? कपड़ा मंत्री रहती क्या किया? यह पद खैरात में ही तो मिले थे! जनता धिक्कारती है तुमको! चंद चापलूसों की चाटुकारिता से हवा में उड़ते हो यही विडंबना है देश वरना देखा जाए तो जनता के पैसों पर पलने वाले मक्कार लोग होते हैं नेता!
सुना है आज अखिलेश जी ने संसद में मुझे याद किया। अच्छा है, जिनको राजनीति धरोहर में मिली, वे उनको भी याद करते हैं जो अपने दम पर आसमान में सुराख़ करते हैं।
कामकाजी औरत पर वे टिप्पणी करते हैं जिन्होंने ज़िंदगी में कभी कोई नौकरी नहीं की।
सीरियल से हटाकर संसद पर ध्यान लगाएं,
महिलाओं के संबल हेतु अहम बिल पास कराएं।
@BJP4India सरपंच बनती हैं पर पंचायत चलता इनका पति है, पार्षद बनती हैं पर लोग नाम जानते हैं पति का, नगरपालिका अध्यक्ष बनती हैं तो एक पद और बन जाता है अध्यक्ष पति का! ऐसा कैसा नारी सशक्तिकरण? पद देते हो पर ताकत नहीं!
देश में नारी सशक्तिकरण की बात दशकों से होती रही है,जिसके तहत उन्हें सरपंच बनाया गया पर एक पद और बन गया सरपंच पति,पार्षद बनी तो पद बन गया पार्षद पति, अध्यक्ष बनी तो पद बन गया नगरपालिकाध्यक्ष पति, इसी तरह विधायकी में भी इनके पतियों ने ही सब निर्णय लिए! यह कैसा सशक्तिकरण है? क्यों सरकार इनके पतियों को बढ़ावा देती है और इन पर कार्यवाही नहीं करती जब यह सरकारी कामों में हस्तक्षेप करके अपनी पत्नियों कैंपस का दुरुपयोग करते हैं!
आज से शुरू हो रही संसद की विशेष बैठक में हमारा देश नारी सशक्तिकरण के लिए ऐतिहासिक कदम उठाने जा रहा है। हमारी माताओं-बहनों का सम्मान राष्ट्र का सम्मान है और यही भावना लेकर हम इस दिशा में दृढ़ता से आगे बढ़ रहे हैं।
व्युच्छन्ती हि रश्मिभिर्विश्वमाभासि रोचनम्।
ता त्वामुषर्वसूयवो गीर्भिः कण्वा अहूषत॥
@Sand24919800@nehafolksinger गलत दोनों ही है लेकिन मेरा सही तुम्हारा गलत कहना सबसे बड़ी मूर्खता है! पढ़े लिखे नेता की कोई नीति गलत है इस कारण से नेता का अनपढ़ होना ठीक है कहना ठीक है क्या? अनपढ़ तो अनपढ़ ही होगा न!
शपथ की भाषा सरल कर दीजिए या शपथ पढ़े-लिखे आदमी को दिलवाइये.
…अगर ये भी नहीं कर सकते तो शपथ सुनकर दोहराने का चलन बंद करके “हाँ ठीक है” या “OK-OK” बोलकर हामी भरने की परंपरा शुरू करवा दीजिए.