
The story Teller
9K posts

The story Teller
@Storytellerrr_
WE THE PEOPLE OF INDIA 🇮🇳








हमने इश्क़ किया बन्द कमरों में फ़िजिक्स पढ़ते हुए, ऊँची छतों पर बैठकर तारे देखते हुए, रोटियाँ सेक रही माँ के सामने बैठकर चपर चपर खाते हुए हमने नहीं रखी बटुए में तस्वीरें, किताबों में गुलाब, अलमारियों में चिट्ठियाँ। हमारे कस्बे में नहीं थे सिनेमाहॉल, पार्क और पब्लिक लाइब्रेरी हम तय करके नहीं मिले, हमने इश्क़ किया जिसमें सब कुछ अनिश्चित था, कहीं अचानक टकरा जाना सड़क पर और हफ़्तों तक न दिखना भी। और उन लड़कियों से किया इश्क़ हमने जिन्हें तमीज़ नहीं थी प्यार की। जिनके सुसंस्कृत घरों की चहारदीवारी में नहीं सिखाई जाती थी प्यार की तहज़ीब। हमने उनसे किया इश्क़ जिन्हें हमेशा जल्दी रहती थी किताबें बदलकर लौट जाने की, मुस्कुराकर चेहरा छिपाने की, मन्दिर के कोनों में अपने हिस्से का चुंबन लेकर वापस दौड़ जाने की। उनकी भाभियाँ उकसाती, समझाती रहती थीं उन्हें, मगर वे साथ लाती थी सदा गैस पर रखे हुए दूध का, छोटे भाई के साथ का या घर आई मौसी का ताज़ा बहाना जल्दी लौट जाने का।



तीन दिन पहले मेरे एक स्कूलमेट की शादी थी, उसने हमें सबको इनवाइट किया था। हम सब पहुँच भी गए, शुरू में सब कुछ बहुत अच्छा चल रहा था हम कुछ दोस्त बैठकर बातें कर रहे थे, हँसी-मजाक कर रहे थे। तभी जिसकी शादी थी, वो भाई आया और बोला, “चलो थोड़ा डांस करते हैं, फिर तुम लोग निकल जाओगे तो अच्छा नहीं लगेगा।” वहाँ पंजाबी सॉन्ग्स चल रहे थे ....मुंडा पंजाबी वाला, पुट्ट चमारां दे, सैनी कौन कहेगा, और छोरे भामनां के... सब चल रहे थे। किसी को कोई आपत्ति नहीं थी। फिर अचानक 2 मिनट में “जाटां का छोरा” सॉन्ग चल गया और सबके फिल्टर शॉट हो गए। भाई, इतनी ही दिक्कत है तो यार शादी में बुलाया ही मत करो। घर-घर जाकर इनवाइट करते हो, फिर एक गाने में तुम्हारा सारा भाईचारा गायब हो जाता है। अजीब लोग हैं यार।

