Udaiveersingh retweetledi

कार पर खड़े होकर बोल रहे हैं या स्टूल पर?
जनता द्वारा हराये जा चुके जो लोग, अपने चुनाव का आँकलन नहीं कर पाये, वो न ही बोलें तो उनका रहा-सहा मान-सम्मान बचा रहेगा। कृपा-दृष्टि से मर्सी पोस्टिंग पाये लोग जब बिन माँगे अपनी राय देते हैं तो उपहास का पात्र बन जाते हैं।
अगर इतने ही बड़े राजनीतिक विशेषज्ञ हैं तो ख़ुद ही वो जगह बता दें जहाँ ये पीडीए की ताक़त देखने ख़ुद आना चाहेंगे, ये वचन है कि हम उन्हें ससम्मान कुर्सी पर बैठाएंगे। अगर रिश्ता अच्छा हो और इच्छा हो तो उनसे भी पूछ लें (अगर कभी उनसे मिलना होता हो तो) जो न तो अपने से बड़ों को नमस्कार करते हैं, न इनके नमस्कार का जवाब देते हैं। उनको भी हम प्लास्टिक की कुर्सी पर कहीं पीछे नहीं बल्कि सम्मान सहित आगे बैठाएँगे।
आज के लिए इतना पर्याप्त, पोस्ट समाप्त!
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