सोनिया गांधी जी ने आतंकियों के मारे जाने पर आँसू बहाए
राहुल गांधी पाकिस्तान के पोस्टर बॉय हैं
उनके सारे देश विरोधी बयान पाकिस्तान में हैडलाइन बनते हैं
और खड़गे जी तो इन दोनों से आगे निकल गए
सीधा मोदी जी को ही ‘आतंकी’ कह दिया
कांग्रेस को शिक्षा और संस्कृति मंत्री के तौर पर मौलाना आजाद पसंद है जो कभी स्कूल नहीं गए. इंदिरा गांधी ने कभी कोई कॉलेज डिग्री नहीं ली.
ये ट्वीट राहुल कांग्रेस की इलीट मानसिकता है.
अफसर हमेशा पॉलिटिकल लीडरशिप के अधीन काम करते हैं. जनता के चुने जनप्रतिनिधि ही शासन चलाते हैं.
मैं यहाँ होता तो ज़रूर पूछता, प्रधानमंत्री जी आपको झाल मुड़ही का स्वाद कैसा लगा? क्योंकि वे किसी ज्वलंत मुद्दे पर पूछे गए सवालों का जवाब तो देते नहीं चाहे मैं लाख पूछ पूछ कर थक जाता! पर बार-बार पूछने के बाद शायद झाल मुड़ही का स्वाद बता देते!
गंभीर मुद्दों पर बार बार कुरेदने पर भी कोई सत्ताधारी नेता न बोले फिर ‘राजनीति के हल्के फुल्के पल’ वाली स्टोरी तो चल ही जाती है। UPA के ज़माने से राजनीतिक रिपोर्टिंग के लंबे अनुभव के आधार पर कह रहा हूँ। 😉