Desi Boy
652 posts
























🚨कामवासना दिवस (Vellentine day) बाप ने कतरा कतरा जमा करके कमाई थी इज़्ज़त, बेटी "वेलेंटाइन डे" पर एक चॉकलेट पे बेच आयी अपनी इज़्ज़त। 14 फरवरी हवस दिवस पर तीन चीजे ध्यान देने पर पता चलता है कि वैलेंटाइन को.. 1. सपोर्ट/प्रोमोट कौन करता है? बॉलीवुड , टीवी सीरियल, प्राइवेट न्यूज चैनल/ FM रेडियो , वामपंथी , महिलावादी बुद्धिजीवी 2. कमाई किसकी होती है? शुरू में विदेशी गिफ्ट कम्पनियों की, विदेशी चाकलेट, बेकरी कम्पनियों की, विदेशी ( कॉन्डोम / गर्भनिरोधक गोलियों ) की , पोर्न इंडस्ट्रीज की, बॉलीवुड/फिल्मो की... बाद में गर्भपात करने वाले डॉक्टर्स की, अजन्मे बच्चो को बेचकर, बाझपन/कैंसर/गुप्त रोग के डॉक्टर्स और स्त्री रोग विशेषज्ञों की, सोशल नेट्वर्किंग एप्प और पोर्न साईट की, सच्ची घटनाओ पर आधारित टीवी सीरियल/शोर्ट मूवी की, ट्रैफिकिंग के बाद अंग व्यापार और जू प्रोडक्ट इंडस्ट्रीज की, महिला सुरक्षा के खोखले वादों पर वोट बनाने वाले और फर्जी योजनाए चलाने वाले नेताओ...और भी कई हैं बड़े छोटे... 3. इसमें फंसती/मरती कौन हैं? छोटे शहरों के मध्यमवर्गीय और निचले तबके की ज्यादातर कॉलेज में पढ़ने लिखने वाली लड़किया, अपने संस्कार इज्जत मर्यादा से जिन्हें कोई मतलब नहीं रहता। सीधे साधे और दुनियादारी से अनजान भोले और मूर्ख टाइप के लोग... जैसे की आप और आपकी बेटी, इसमें ऐसा कुछ भी नही जो आप नही जानते, आप सबकुछ जानते हो। दिसम्बर से फरवरी तक एक मास्टर लेवल की स्क्रिप्ट रची जाती है। फिर बड़ी सफाई से प्यार / मोहब्बत / आशिकी के नाम पर बड़े स्तर पर लड़कियों को फसाकर / मारकर अरबो रूपये का देशी विदेशी व्यापार होता है। वैलेंटाइन कोई त्यौहार नही है। यह बड़े लेवल का बिजनेस इवेंट है। फरवरी लडकियों के लिए सबसे खतरनाक महिना होता है। अपनी बच्ची का विशेष ध्यान रखे, क्योंकि जो दूसरी लडकियों के साथ हो रहा है। वो आपकी बेटी के साथ नही होगा उसकी कोई गारंटी नही। कुछ भी अचानक से नही होता उसके पीछे कारण होता है, वो कारण है पैसा। विचार किजिए। अपनों को सचेत करें व्यर्थ प्रलाप न करें।।
















