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दो पंछी, दो तिनके,
कहो ले के चले हैं कहाँ🎶
घर-आँगन, मुंडेर पर चहकती-फुदकती नन्ही सी, प्यारी सी गौरैया मन को लुभाती है. अब लुप्त होती गौरैया के बिना घर-आँगन कुछ सूना-सूना सा लगता है.
आईए गौरैये को फिर से बसाएँ, प्रकृति की ख़ूबसूरती को बढ़ाएँ🐦
#WorldSparrowDay
@moefcc
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