Omkar Chakradhari (सरकारी अछूत) retweetledi

UPI एक जरूरत बन चुका है, ऐसे में इसका X पर एड क्यों? जबकि UPI खुद X से बड़ा प्लेटफॉर्म है, क्या यह सब कमीशन के चक्कर में किया जा रहा है या फिर क्या एड दे कर X को उपकृत किया जा रहा है? विदेशी कंपनियों को भी भरपूर मॉल क्यों दिया जा रह है? एक तीर से कई निशाने? टाइमलाइन भरी पड़ी है UPI के एड से, आखिर इतना उतावलापन क्यों?

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