दिल की डोर पतंग के तंग से बांध उड़ा दी आसमा में,
ढील देकर गिरगडी को थाम ली हाथ में,
लडा दिए थे पेच मांझे से एक दुसरो के,
बस टुटने से बचा ले डोर को अब आसमा में!
🪁
~@deepu_samdani#HappyMakaraSankranti
जब शब्दकोश के मन में लय होने की आशा पलती थी !
जब करुणा नयनों से झरकर बस विवश मौन में ढलती थी !
जब विकल आँख का आँसू अनुवादों की बाँट जोहता था !
जब भावाकुल-आवेग अनुष्टुप का तटबंध खोजता था
तब वाल्मीकि के कारण ही सब भावों ने भाषा पाई,
ऋषि वाल्मीकि के कारण जग के अधरों पर कविता आई
वे वाल्मीकि जिनको त्रेता में शीश झुकाए काल मिला
वे वाल्मीकि जिनसे सिय को मायका मिला ससुराल मिला
इक्ष्वाकु वंश अवतंस अवध या जनकपुरी में कब जन्मे
वे वाल्मीकि जिनके आँगन में लवकुश को ननिहाल मिला
वे वाल्मीकि जिनके छूने से शोक श्लोक बन जाता हो
वे वाल्मीकि जिनकी रचना से जगत राम को पाता हो
वे वाल्मीकि जिनकी वाणी वेदों सी पावन वाणी है
वे वाल्मीकि जिनकी पावन पुत्री कविता कल्याणी है
अपनी रचनात्मकता व संवेदना की अपूर्व शक्ति से क्रौंच पक्षी के ‘शोक’ को ‘श्लोक’ में बदल देने वाले दुनिया के प्रथम कवि महर्षि वाल्मीकि जी को उनके प्राकट्य-पर्व पर सादर प्रणाम। 🙏🏻
वीरा रो बलिदान अठे हैं,
राजपुतानी शान है,
कण-कण में प्यार बसे,
यो म्हारो प्यारो राजस्थान है !
मेवाडी़ भाषा माणी,
मेवाडी़ सरताज है,
"महाराणा" री शान,
यो म्हारो प्यारो राजस्थान है !!
#MaharanaPratap
~ @deepu_samdani
मानस की चोपइयो को गाकर,
भक्ति में रत हो गए हैं,
लिखी जीवनी जो वाल्मिकी ने,
उनकी एक छवि पाकर,
सब मन्त्रमुग्ध हो गये हैं!
जो स्वयं ही धर्म है,
जो स्वयं ही मर्यादा है,
उनमें अब प्राण-प्रतिष्ठित हो गए है,
✍️@deepu_samdani#RamMandir#AyodhaRamMandir#RamMandirPranPrathistha