
@AmitYaddav बस कभी आप होते उस ग्रुप(859)में तब आप क्या महसूस कर रहे होते या आपके फैमिली का कोई होता जो होना था वो हो गया लेकिन ऐसे हमारे समाज में नहीं होता किकिसी के दुख में भी आप उनको ओर नीचा दिखाओ इसको यही खत्म करो अब अपनेEgoको सच में साइड कर दोplzzzsirसब खुश रहे बस ये ही सबके लिएबेस्ट है
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