
ज्ञात सूत्रों से पता चला हैं कि जो बाबा फोटो लेना चाह रहा था वो गुज्जर समाज का ही व्यक्ति था, और कोई भी शराब और नशे में नहीं था। बॉयज अफवाह फैला रहे हैं कि वो बाबा नशे में था। @SauDeependra
𝐆𝐮𝐫𝐣𝐚𝐫 𝐂𝐨𝐧𝐧𝐞𝐜𝐭 🌐
12.7K posts

@GurjarConnect
Connecting Gurjars Globally for Positive Change! Join the Movement👉 फॉलो करें, समाज की आवाज़ बनें! #क्षत्रिय_शिरोमणि_वीर_गुर्जर ⚔️👑

ज्ञात सूत्रों से पता चला हैं कि जो बाबा फोटो लेना चाह रहा था वो गुज्जर समाज का ही व्यक्ति था, और कोई भी शराब और नशे में नहीं था। बॉयज अफवाह फैला रहे हैं कि वो बाबा नशे में था। @SauDeependra



ऐसी झूठी, तर्कहीन और बेतुकी बातों से सिर्फ सचिन पायलट समर्थक खुश हो सकते हैं, जनता नहीं। पोस्ट - अजमेर से तपती धूप में पदयात्रा की गई थी वो कथित नई पार्टी लॉन्च के लिए नहीं बल्कि SI भर्ती रद्द करने समेत बेरोजगार युवाओं के लिए की गई थी 😸🤡 हकीकत - 2022 में इस यात्रा में मुस्लिम, दलित, जाट, मीणा(कांग्रेस वर्ग) सहित सभी वर्गों द्वारा नकारे जाने के बाद पायलट के कथित नई पार्टी लॉन्च फेल होने के बाद सचिन पायलट ने RPSC में भ्रष्टाचार समेत पेपर लीक एवं रोजगार के मुद्दों पर कभी भाजपा सरकार के खिलाफ युवाओं का साथ नहीं दिया है, #si_भर्ती_2021_रद्द की लड़ाई सब से बड़ी किरोड़ी लाल मीणा एवं उसके बाद हनुमान बेनीवाल ने लड़ी है, विपक्ष में रहते हुए अशोक गहलोत सरकार में सड़कों पर प्रदर्शन के बाद बीजेपी सरकार आने पर किरोड़ी लाल मीणा अपनी ही सरकार पर दबाव बनाते रहे, सचिवालयों से सबूत जुटाए और हर जगह फाइलें लेकर घुमे। आज भी राजस्थान के बेरोजगार युवा, किसान, मजदूर, आदिवासी, शहरी वर्ग समेत पुरी जनता इंतजार कर रही है कि सचिन पायलट बीजेपी सरकार की नाकामियों पर जनता के मुद्दों को विधानसभा में उठाएंगे, उनके लिए सड़कों पर लड़ाई लड़ेंगे । आज भी विधानसभा में बीजेपी सरकार के खिलाफ प्रदेश अध्यक्ष डोटासरा, नेता प्रतिपक्ष जूली समेत अन्य विधायक पेपर लीक की जांच, जनहित के मुद्दे उठा रहे हैं जबकि सचिन पायलट विधानसभा सत्र में एक दिन जाते भी सिर्फ इसलिए है कि विधानसभा के अंदर घुसते समय 3-4 युवा कांग्रेस विधायक पायलट के पैरों में गिरें और वो पल कैमरे में कैद कर के उनसे अपने आपको राजकुमार वाली फील दिलवा दें। अब 2014 वाला दौर नहीं है जहां PR और मीडिया में बनाई छवि के आधार पर जनता को पागल बनाया जाएगा, अब वही टिकेगा जो जनहित में लड़ाई लड़ते हैं, मुद्दों पर जनता के बीच खड़े होते हैं और विचारधारा पर अडिग खड़े होकर सत्ता पक्ष की सच्चाई जनता के सामने लाते हैं।

