Parul Singh retweetledi

RSS ने अपने निर्माण से लेकर आज तक एक रुपये भी टैक्स नहीं दिया है. क्योंकि वह अपने आपको एक नॉन-प्रॉफिट ऑर्गनाइज़ेशन बताता है, लोगों का एक समूह, जो कहीं रजिस्टर्ड नहीं है.
लेकिन सवाल ये हैं कि :
❓फिर इतना बड़ा दफ़्तर कैसे चल रहा है?
❓इतनी बड़ी वर्कफोर्स कैसे चल रही है?
❓मोहन भागवत को गृह मंत्री के स्तर की सिक्योरिटी क्यों मिली हुई है ?
इस पर 20 करोड़ रुपये सालाना खर्च होते हैं..और वो पैसा इस देश के आम नागरिक के टैक्स का पैसा है.
यानि एक ऐसे संगठन पर जनता का पैसा खर्च हो रहा है, जिस पर आरोप हैं कि वह समाज में हिंदू-मुस्लिम डिवाइड को बढ़ावा देता है !!!
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